केदारनाथ विधानसभा क्षेत्र में निर्माणाधीन तोणीडाली-काकड़ागाड़ मार्ग पर एक दर्दनाक हादसे में नेपाली मजदूर की मौत हो गई। रविवार देर रात सड़क की कटिंग के दौरान मलबा गिरने से 56 वर्षीय भक्त बहादुर की मौके पर ही जान चली गई। हादसे के बाद प्रशासन हरकत में आया और लापरवाही बरतने पर ठेकेदार के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
जानकारी के अनुसार, यह मार्ग काकड़ागाड़ से कुंड तक बनाया जा रहा है और यह रुद्रप्रयाग-गौरीकुंड राष्ट्रीय राजमार्ग के ठीक ऊपर से गुजरता है। निर्माण के दौरान लापरवाही और सुरक्षा मानकों की अनदेखी के चलते बार-बार मलबा हाईवे पर गिरता रहा है, जिससे पिछले एक साल में यातायात कई बार बाधित हो चुका है।
रविवार देर रात करीब 2 बजे हो रही कटिंग के दौरान मलबा गिरा, जिससे भक्त बहादुर नामक नेपाली मजदूर उसकी चपेट में आ गया और उसकी मौत हो गई। सूचना पर जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। जांच में पाया गया कि ठेकेदार द्वारा बिना पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था और सुरक्षा इंतजामों के कार्य कराया जा रहा था।
जिलाधिकारी को दी गई रिपोर्ट के आधार पर ठेकेदार यशवंत सिंह नेगी के खिलाफ ऊखीमठ थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया। अधिकारी ने बताया कि ठेकेदार द्वारा सुरक्षा मानकों की अनदेखी और देर रात काम कराना मजदूर की मौत का कारण बना।
इधर, सोमवार को सड़क निर्माण कार्य पूरी तरह बंद रहा। प्रशासन ने लोक निर्माण विभाग (लोनिवि) को भी कड़ी फटकार लगाई और निर्देश दिए कि यात्रा शुरू होने से पहले हर हाल में मार्ग निर्माण का कार्य पूरा किया जाए।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि निर्माण के दौरान किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी, खासकर जब यह मार्ग महत्वपूर्ण चारधाम यात्रा मार्ग को प्रभावित कर रहा हो। बीते 27 और 28 फरवरी को भी रुद्रप्रयाग-गौरीकुंड हाईवे दिनभर के लिए बंद रहा था।
अब सवाल उठ रहा है कि क्या यात्रा से पहले निर्माण कार्य समय पर और सुरक्षित तरीके से पूरा हो पाएगा? प्रशासन ने चेताया है कि भविष्य में इस तरह की लापरवाही दोहराई गई तो और भी सख्त कदम उठाए जाएंगे।