बसंत विहार स्थित एक निजी नर्सिंग होम में प्रसूता और नवजात की मौत के बाद परिजनों ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) कार्यालय पहुंचकर विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने अस्पताल प्रबंधन पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की।
पीड़ित सतेंद्र बिष्ट ने बताया कि 29 मई को उनकी गर्भवती पत्नी को निशा नर्सिंग होम में भर्ती कराया गया था। डॉक्टरों ने सुरक्षित प्रसव का भरोसा दिया, लेकिन प्रसव के दौरान ऑपरेशन करना पड़ा। बेटी के जन्म के बाद नवजात की मौत हो गई। इसके बाद प्रसूता की हालत बिगड़ने पर अत्यधिक रक्तस्राव और संक्रमण की बात कही गई तथा उसे दूसरे अस्पताल रेफर किया गया, जहां उपचार के दौरान उसकी भी मौत हो गई।
परिजनों का आरोप है कि अस्पताल प्रबंधन ने इलाज के दौरान सही जानकारी नहीं दी और गंभीर लापरवाही बरती। उन्होंने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग करते हुए सीएमओ को ज्ञापन सौंपा।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. मनोज कुमार शर्मा ने बताया कि पूरे मामले की जांच के लिए उच्च स्तरीय समिति गठित कर दी गई है। जांच में यदि किसी प्रकार की लापरवाही या अनियमितता सामने आती है तो संबंधित नर्सिंग होम के खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी।