उत्तराखंड में बहुचर्चित अंकिता भंडारी हत्याकांड मामले में कोटद्वार स्थित अपर जिला एवं सत्र न्यायालय (एडीजे कोर्ट) ने आज फैसला सुनाते हुए तीनों आरोपियों पुलकित आर्य, उसके कर्मचारी सौरभ भास्कर और अंकित गुप्ता को उम्रकैद की सजा सुनाई है। जैसे ही न्यायालय ने अंकिता के हत्यारों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
अंकिता की मां सोनी देवी बोलीं, तीनों हत्यारों को फांसी की सजा होनी चाहिए थी, इसके लिए हम हाईकोर्ट जाएंगे।
सोनी देवी ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि हत्यारों को मिली सजा से संतुष्ट तो नहीं हूं, पर मेरी बेटी की आत्मा को थोड़ी शांति जरूरी मिली होगी। मेरे जीते जी इनको फांसी हो जाती तो सबसे अच्छा होता।
जिस तरह से इन्होंने मेरी बेटी के साथ इतना बुरा किया और हमारी जिंदगी को नर्क बना दिया। एक मां ही समझ सकती है अपनी बेटी को खोने का दर्द। इन्हें ऐसी सजा मिले, ताकि कोई भी किसी बेटी के साथ गलत करने से पहले हजार बार सोचे।