देहरादून | उत्तराखंड के खेल जगत में एक ऐतिहासिक अध्याय भी जुड़ने जा रहा है। राज्य सरकार ने प्रदेश के पहले खेल विश्वविद्यालय की स्थापना का मार्ग प्रशस्त भी कर दिया है। राज्यपाल द्वारा “खेल विश्वविद्यालय अधिनियम” को अधिसूचित किए जाने के बाद इस महत्वाकांक्षी परियोजना को औपचारिक मंजूरी भी मिल गई है।
खेल मंत्री रेखा आर्या ने बताया कि विश्वविद्यालय का शिलान्यास आगामी 29 अगस्त को राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर किया जाएगा। उन्होंने संबंधित विभागों को सभी तैयारियां समयबद्ध ढंग से पूरी करने के निर्देश दिए हैं ताकि समारोह भव्य और सुव्यवस्थित हो सके। यह विश्वविद्यालय हल्द्वानी के गौलापार क्षेत्र में स्थापित किया जाएगा। यह संस्थान खेल शिक्षा, प्रशिक्षण और अनुसंधान का एक प्रमुख केंद्र होगा, जिससे प्रदेश के खिलाड़ियों को उच्च स्तरीय अकादमिक व खेल सुविधाएं एक साथ मिल सकेंगी।
खिलाड़ियों के लिए नया युग
मंत्री आर्या ने कहा:
“यह विश्वविद्यालय हमारे खिलाड़ियों को न केवल बेहतर प्रशिक्षण देगा, बल्कि खेलों को करियर के रूप में अपनाने का अवसर भी देगा। इससे राज्य में खेल संस्कृति को एक नई पहचान मिलेगी।”
उन्होंने बताया कि विश्वविद्यालय का बुनियादी ढांचा, पाठ्यक्रम व अन्य मानक राष्ट्रीय स्तर की खेल शिक्षण संस्थाओं की तर्ज पर विकसित भी किए जाएंगे।
राज्य की खेल नीति को मिलेगा बल
खेल विश्वविद्यालय की स्थापना उत्तराखंड की नई खेल नीति के तहत एक दीर्घकालिक निवेश है, जिससे आने वाले वर्षों में राज्य के खिलाड़ी राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बेहतर प्रदर्शन भी कर सकेंगे।